भगत —-बाबा प्रणाम । बाबा ——-प्रणाम ।
भगत –रोपवे देवास का नाम खराब कर देता। बाबा— हां बेटा देवास का रोपवे एक सौगात कहां जाता था लेकिन थोड़ी सी लापरवाही के कारण आज यह सौगात पूरे देश में देवास का नाम के साथ मां चामुंडा टेकरी का नाम भी जाता ।कि यहां पर यह बड़ा हादसा हो गया ।मां चामुंडा देवी का आशीर्वाद और बचाने वाले साहसी लोगों की मेहनत सूझबूझ से बच गए। डेढ़ घंटे जिंदगी और मौत से जूझते श्रद्धालु शायद कभी किसी झूले में ना बैठेंगे। अब सबसे बड़ी बात यहां सामने आ रही है कि जब इतनी आंधी तूफान और बारिश का माहौल था उसके बाद भी यह सब चल रहे थे। क्या पुलिस प्रशासन की टीम मां चामुंडा टेकरी पर तैनात नहीं है। जो इनको रोक सकती थी अब रोपवे बंद कर दो । प्रबंधन के साथ चामुंडा टेकरी पर प्रबंधन करने वालों की भी उतनी ही गलती है स्पष्ट निर्देश है कि हवा आंधी और दुकान आने पर यह बंद कर दिए जाए ।और आसपास पुलिस प्रशासन को भी इस बात का ध्यान रखना है परंतु कंपनी द्वारा इतनी की गई गलती का खामियाजा बेकसूर श्रद्धालु भुगत रहे जांच का विषय यह भी है कि क्या इनका बीमा भी कराया जाता है ।मान लो कल से कुछ हो जाता तो केवल शासन का उत्तरदायित्व रहता है ।क्या और भी कई बातें हैं सबसे बड़ी बात यह है कि हमारे शहर का नहीं मां चामुंडा टेकरी का नाम पूरे देश में हादसे के कारण भी पहचाना जाता अभी तक कितने वर्षों में मां चामुंडा टेकरी पर कोई दुर्घटना हादसा नहीं हुआ है सब माता रानी की कृपा है लेकिन एक छोटी सी गलती ने पूरे प्रदेश में मां चामुंडा टेकरी चर्चा में रही ।अब इसकी जल्द निष्पक्ष जांच होना चाहिए और कार्रवाई भी जब विद्युत वितरण कंपनी थोड़ी सी हवा आंधी चलने पर बिजली बंद कर देती है। तो फिर कंपनी और पुलिस प्रशासन ने ध्यान क्यों नहीं दिया।
भगत –बिजली वालों ने भी रुला दिया। बाबा –जैसे पूरे वर्ष भर पानी कब गिर जाए पता नहीं ऐसा हमारे देवास में विद्युत वितरण कंपनी कब बिजली गिरा दे कब बंद कर दे पता नहीं। भगत —–दिग्गी राजा के शासन की याद दिला दी। बाबा –भाजपा की वापसी में बिजली विभाग का भी हाथ रहा तो अब कांग्रेस् की वापसी में भी बिजली विभाग मदद कर रहा है। बारिश के मौसम में तो दिन में 10 बार बिजली नहीं जाए तो देवास विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारी को को भी नींद नहीं आती। अब बात करें इसकी मूल वजह है निम्न स्तर का मेंटेनेंस। विद्युत वितरण कंपनी बनने के बाद आम जनता को राहत यह मिली थी कि तुरंत बिजली जाने पर कर्मचारी आ जाते थे और ठीक कर जाते थे परंतु ठेकेदार तो वही है। जो वर्षों से गुणवत्ता की जगह आर्थिक लाभ ज्यादा कमाना चाहते हैं उन्होंने वही किया जो इंजीनियर और अधिकारी की इच्छा थी और शुभ लाभ के कारण आज देवास की विद्युत व्यवस्था चरमरा गई है कई शहर है जहां पर बिजली पलक झपकते जाती है और वापस भी आ जाती है लेकिन देवास में इस बार रिकार्ड बना दिया है चुनाव के पहले आम जनता को एहसास करा रहे हैं की आपकी सरकार और दिग्गी राजा के सरकार में कोई अंतर नहीं। आधे घंटे आम जनता बर्दाश्त करती है लेकिन पूरी रात भर वह भी भीषण गर्मी नौतपा से परेशान जनता पर क्या बीत रही है । बच्चे हो या बुजुर्ग या बीमार दुखी भीषण गर्मी में पहले ही परेशान ऊपर से बिजली जाने के बाद क्या हालत होती है यह विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारी नहीं समझते । अब सब यही कह रहे देवास में इन पर नियंत्रण करने वाला कोई है या नहीं। आज हम जैसे देते सुधार कर विद्युत सप्लाई शुरू कर देते हैं ।लेकिन इसकी जड़ निम्न स्तर की गुणवत्ता सुधारना जरूरी है ।नहीं तो हर साल यही सब भुगतना है और सरकार को नेताओं को और विद्युत वितरण के अधिकारी को कोसना है।
भगत — – सज्जन वर्मा विवाद ठंडा पड़ गया। बाबा—– हां बेटा सज्जन वर्मा कि आज नहीं वर्षों से बयान अनाप-शनाप देने के कारण अलग ही पहचान है फिर इस बार उन्होंने जरा गड़बड़ कर दी धर्म के मामले में बोलना यानी कि आ बैल मुझे मार केवल 2 शब्द ही भारी पड़ रहे हैं। और फिर क्या था ,माफी से बड़ा कोई शब्द ही नहीं है। और यहीं पर यह विवाद थम गया भैया जरा होशियार है चतुर है मामले को भाप गए विरोधी बिल्कुल तैयार थे ।अब विरोध पूरे प्रदेश में होने लगता गांव-गांव में होने लगता उससे पहले ही राजनीति के चाणक्य ने मामला रफा-दफा कर दिया माफी के बाद जनता क्षमा ही सबसे बड़ा दान देती है।
भगत —दिग्गी राजा कई को निराश कर गए। बाबा— जो इनके भरोसे बैठे थे और क्षेत्र में काम भी शुरू कर दिया था उनको भारी निराशा हाथ लगी क्या ऐसा भी है या यह राजनीति है इसमें सब चलता है और कभी बाजी कोई के हाथ में तो कभी बाजी इनके हाथ में परिवर्तन का मतलब यही तो है । आप परिवर्तन चाहते हैं तो दिग्गी राजा भी शायद देवास में अब मन बदलकर परिवर्तन करना चाहते हैं। और अबकी बार वह और किसी को संकेत देकर गए हैं जिले में राजा के दो टिकट लगभग तय है।
भगत— प्रभारी मंत्री भी विधायक आशीष शर्मा को हरी झंडी दे गई। बाबा —देवास में प्रभारी मंत्री नाम के रहे हैं काम तो स्थानीय दमदार विधायक की कराते हैं अभी तक जितने भी प्रभारी मंत्री आए उन्होंने बड़ा क्या कर लिया बस यह जरूर है कि एक जबरन का थोपा हुआ पद प्रभारी का रहता है वह भी ऐसे क्षेत्र को प्रभारी बना देते हैं जिनको अपने क्षेत्र में ही समय नहीं मिलता तो देवास जिले के लिए क्या करेंगे इन प्रभारी मंत्री से ज्यादा इनके पिए और अट्ठे पट्टे भारी रहते है। इस बार प्रभारी मंत्री अलग मिजाज की है वे कन्नौद खातेगांव दौरे पर माहौल बना कर गई खासकर आम जनता के साथ भोजन यह भारतीय जनता पार्टी की अच्छी बात है यह कांग्रेसी भी रेस्ट हाउस कॉफी हाउस में भोजन के बजाय किसी कार्यकर्ता के घर भोजन करेंगे अधिकारी बड़े नेता साथ जाएंगे तो उस क्षेत्र का विकास होगा उस क्षेत्र के लोगों का विश्वास बढ़ेगा । कई विकास कार्य योजना की सौगात के साथ सबसे बड़ा राजनीति पॉइंट अभी तक कन्नौद खातेगांव क्षेत्र में विधायक आशीष शर्मा के टिकट कटने की बात कही जा रही थी लेकिन प्रभारी मंत्री यशोधरा राजे विधायक शर्मा को हरी झंडी दे गई करो तैयारी।
भगत —-मनीष चौधरी भी वहां पर धरने पर बैठे हैं। बाबा— मनीष चौधरी के कन्नौद खातेगांव जाने के बाद देवास में आंदोलन में कुछ कमी जरूर आई है अब कन्नौद खातेगांव क्षेत्र की जनता के लिए विपक्ष के रूप में मनीष चौधरी एक अच्छे नेता है परंतु माइनस पॉइंट स्थानीय नेता नहीं है बाहरी नेता का मुद्दा छोड़ दे तो मनीष चौधरी इस बार कन्नौद खातेगांव से कांग्रेस का टिकट ला सकते हैं अब दूसरे बाहरी नेता जो अभी भाजपा से कांग्रेस में आए हैं वह भी कन्नौद खातेगांव के साथ देवास के भी दावेदार हो गए हैं दिग्गी राजा संकेत दे गए हैं और फिर स्थानीय अलग है हम तो यही कहेंगे कि मनीष डटे रहने की आदत है डटे रहो लगे रहो अगर स्थानीय मुद्दा नहीं रहा और भाजपा से कांग्रेस में आए नेता जिनका धीरे-धीरे माहौल ठंडा पड़ रहा है ऐसे ही ठंडा रहा और गंगा पार कर गए तो मनीष तय है।
भगत — मंडी में आनंद सिंह स्टे लेकर आ गए। बाबा –पूरे जिले की मंडी में यही चल रहा है अब जो पकड़ा गया वहीं चोर बाकी सब साहूकार ।कलेक्टर अपनी जगह सही है तत्काल निर्णय और व्यवस्था बदलने के लिए कलेक्टर गुप्ता ने सोनकच्छ मंडी सचिव आनंद सिंह को निलंबित कर दिया आनंद सिंह बहुत पुराने अनुभवी व्यक्ति है देवास मंडी के बाद यह उनके लिए छोटी मंडी है । फिर बात करेंगे हम यहां कमतौल की तो सबसे ज्यादा दोषी तो नापतोल अधिकारी और मौके पर इंस्पेक्टर से लेकर पूरा विभाग रहता है मंडी में वर्षों से ही चलता आया है किसान भला खूब मेहनत कर अपनी फसल उगाता है आंधी तूफान तेज बारिश ओले भीषण गर्मी और कीट पतंगों के बाद जानवरों से अपनी फसल बचाता है और फिर वह फसल लेकर वह मंडी आता है जहां अपने आप को ठगा सा पाता है व्यापारी सफेदपोश और कर्मचारी अधिकारी सभी मजे में कोई सुधार करना चाहे तो कैसे करें भारत कृषि प्रधान देश बनाने की बात करते हैं किसान को सुविधा और कर्ज मुक्त करने के लिए व्यवस्था में सुधार जरूरी है एकमात्र कलेक्टर कुछ नहीं कर सकते इसके लिए नीचे से ऊपर तक सब को बदलना होगा नहीं तो नापतोल क्या सभी कमतौल मीठा बोल किसान को काटते रहेंगे।
भगत –कलेक्टर के ग्रामीण दौर जारी है। बाबा —कलेक्टर ऋषव गुप्ता शहरी क्षेत्र के साथ ग्रामीण क्षेत्र में भी उतनी ही सक्रियता से काम कर रहे हैं मिशन योजना में सुधार के पास अभी सबसे ज्यादा सरोवर पर ध्यान है ।होना भी चाहिए पुराने समय में हर गांव में पानी नदी के साथ तालाब बावड़ी के कारण भी रहता था। हर राजा सबसे ज्यादा तालाब और कुएं बावड़ी निर्माण कराता था। आज कहीं तालाब यादगार बन गए हैं। और आज भी बड़े शहरों की शान के साथ धरती का जल स्तर बनाए हुए हैं देवास के मीठा तालाब मंदूक पुष्कर के साथ अब मेंडकी नागदा बालगढ़ और गांव के तालाब गहरीकरण हुआ है ।तो पूरे जिले में सरोवर बनाने का कार्य तेजी से चल रहा है ।बारिश आने वाली है उसके पहले जितने ज्यादा से ज्यादा सरोवर बनेंगे तो लाभ हमको ही होगा बस अधिकारी की याद रह जाएगी। फिर उनका व्यवस्था में सुधार मिशन जारी है सबसे लोक निर्माण विभाग विद्युत वितरण विभाग आदिम जाति और अपने यहां के नाजीर को भी लापरवाही की सजा जरूर मिली इसका सीधा सा मतलब है काम करो इमानदारी से करो फिर भले ही चाहे जो हो सजा तो मिलेगी इस तरह कलेक्टर का सुधार मिशन शासकीय कर्मचारियों अधिकारियों में कर्म करो की प्रेरणा देता है नहीं तो फल तो मिलना ही है आज नहीं तो कल।
भगत– साक्षी हत्याकांड पर मोमबत्ती गैंग गायब है। बाबा — साक्षी के लिए हत्याकांड के साक्षी रहे दर्शक भी उतने ही दोषी है जितने की मोमबत्ती गैंग। बीच सड़क पर एक निर्दोष बालिका के साथ इस तरह का क्रूरता पूर्वक हत्याकांड और आसपास सब नपुसंक की तरह तमाशा देखना अब उसके बाद जबकि विपक्ष की मोमबत्ती के एक छोटी सी बात पर पूरे देश में हंगामा और मोमबत्ती की बिक्री बढ़ा देती है वह क्यों चुप है। क्या साक्षी अलग नारी शक्ति थी युवा भी चुप है आज का युवा जो पूरे दे जो पूरे देश में एक नया इतिहास बना रहा है इतने बड़े घटना कांड पर चुप है केवल संघ से जुड़े संगठन मानव श्रृंखला बनाकर अपना कर्तव्य तो निभाया मात्र देवास जिले में यहा एक आयोजन रहा ।कई संगठन अभी इस तरह का कार्य नहीं कर पा रहे हैं जिस तरह होना चाहिए तो छोटी सी बात व्यापारी आदमी बहुत कुछ सोच समझकर कार्य करता है दायित्व यदि आम जनता और कर्मठ व्यक्तित्व को मिलता है तो इतिहास बनता है व्यापारी तो व्यापारी रहेगा चाहे किसी भी जगह जाए व्यापार से बड़ा उसके लिए कुछ नहीं ।
भगत — भोरासा में नगर पंचायत अध्यक्ष संजय जोशी की वापसी हो गई। बाबा—, हां बेटा इनका अपना व्यक्तित्व है अपने दम पर जीत कर आए संगठन में टिकट नहीं दिया जो हारे हुए व्यक्ति थे उनकी बात मानी और पंडित संजय जोशी को नकारा परंतु जनता ने स्वीकार कर दूसरी बार बता दिया कि जनता से जुड़े व्यक्ति किसी संगठन का मोहताज नहीं इनकी वापसी जोरदार तरीके से भी खास बात देवास के सांसद महेंद्र सिंह सोलंकी की सोनकच्छ में यह पहली दस्तक है वैसे वे पहले ही दस्तक दे चुके हैं मुख्यमंत्री के आयोजन में मतलब सीधा समझ में आ रहा है कि इस बार सोनकच्छ में हिसाब पूरा चुकता हो जाएगा एक तीर से कई निशाने समझदार के लिए इशारा काफी है ।
भगत –देवास में क्रिकेट टूर्नामेंट में नया इतिहास रचा। बाबा –हां बेटा इतना लंबा शायद मध्य प्रदेश में कहीं पर रात्रिकालीन टूर्नामेंट नहीं चला होगा युवाओं में गजब का उत्साह रॉयल तो आखिर रॉयल है देवास को आजकल युवाओं को खेल से जोड़ने के साथ एक दूसरे के साथ जोड़ने का यह प्रयास सफल नजर आता है आयोजक कौन है किसी को नहीं मालूम बस महाराज है तो सब जुड़ते गए और यह देवास जिले का पहला सबसे लंबा और सबसे ज्यादा टीमों के भाग लेने वाला पहला टूर्नामेंट है जो अभी तक चल रहा है विरोधी भले ही कितना विरोध करें लेकिन यह देवास महाराज का किसी भी क्षेत्र में प्रबंधन का एक नायाब उदाहरण है सफलता का।
भगत –गांजा चरस और सट्टे का व्यापार देवास में युवा पीढ़ी को अंधी खाई में धकेल रहा है। बाबा —यह देवास का सबसे बड़ा नासूर बन गया है। इसमें पुलिस विभाग चाह कर भी कुछ नहीं कर पा रहा है ।हमारे देश की युवा पीढ़ी को क्यों खोखला कर रहे हो यह मात्र 300000 मतदाताओं में 1% भी नहीं है फिर इनका सपोर्ट मत करो कोई भी हो 300000 में 300 भी नहीं है अपराधी तत्व परंतु यह किसी भी नेता चाहे भारतीय जनता पार्टी हो या कांग्रेसी अन्य दल उसे यह सप्ताह में अपनी और खींच लेते हैं जबकि विपक्ष में कई लोग अपना पूरा जीवन यापन संगठन के लिए कर देते हैं लेकिन जब भी दल बदलने वाले सटोरिया गंजेड़ी और मादक द्रव्यों का थोक व्यापार करने वाले दल बदलू मैं जाने नेताओं का कौन सा सब्जबाग दिखाते हैं कि लाखों अच्छे लोगों में यह सैकड़ों में भी नहीं अपराधी तत्व अपने नजर आते हैं ईश्वर के यहां भी इनको और इनको शरण देने वाले कोई जगह नहीं है फिर देवास जहां पहले यह कहा जाता था कि यहां पर व्यापार और उद्योग शांति है तो फिर अभी यह सब क्या हो रहा है एक बार उच्च स्तर पर बैठे सप्ताह के सिरमौर को यह सोचना चाहिए वरना भगवान के घर देर है अंधेर नहीं है जय हो
