देवास। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के 19,000 संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों ने आंदोलन का ऐलान किया है। भारतीय मजदूर संघ से संबंद्ध संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के कर्मचारी अपनी मुख्य 2 मांगों को लेकर 17 चरणबद्ध आंदोलन करेंगे। मध्य प्रदेश सरकार द्वारा 5 जून 2018 को पारित की गई नीति के अनुसार नियमित कर्मचारियों के समकक्ष 90 प्रतिशत वेतन दिया जाए एवम् निष्कासित साथियों एवम् सपोर्ट स्टाफ साथी जो आउटसोर्स एजेंसी में कर दिए गए हैं उन्हें तत्काल एनएचएम में वापस लिया जाए। संघ के जिलाध्यक्ष राजेश गुर्जर ने बताया कि चरणबद्ध आंदोलन की रूपरेखा इस प्रकार रहेगी। जिसके अंतर्गत 17 मई को संपूर्ण जिले जिला कलेक्टर, सीएमएचओ और जनप्रतिनिधियों को सीएम के नाम ज्ञापन दिया जाएगा। 18, 19, 20 मई को प्रदेश के समस्त संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी काली पट्टी बांधकर विरोध दर्ज करायेंगे। 21 मई को पूरे प्रदेश के संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी इस कोरोना महामारी में शहीद हुए साथियों की प्रतिमाओं पर पुष्पमाला एवं कैंडल जलाकर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। 22 मई को प्रदेश के संविदा कर्मी जनता के बीच जाकर अपने सुरक्षित भविष्य के लिए भीख मांगकर जनता से गुहार लगाएंगे। जो राशि एकत्रित होगी उसे शहीदों के परिजन को दी जायेगी और साथ ही काले गुब्बारे छोड़े जायेंगे। अगर इसके पश्चात भी सरकार मांगे पूर्ण नही करती है तो 24 मई से सम्पूर्ण प्रदेश के कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जायेंगे। भामसं के प्रदेष संयोजक एलएन मारू, विभाग प्रमुख अजय उपाध्याय, जिलाध्यक्ष सुषील कुमार पाण्डेय, जिलामंत्री रामभान सिंह, जिला उपाध्यक्ष ज्ञान सिंह ठाकुर, जिला मीडिया कमल सिंह चैहान सहित अन्य पदाधिकारियों ने जिले के समस्त संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों से आंदोलन में सहभागी बनकर सफल बनाने की अपील की है।
संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी दो मुख्य मांगों को लेकर आज से करेंगे चरणबद्ध आंदोलन फिर भी मांगे पूरी नही होने पर 24 से जायेंगे अनिष्चितकालीन हड़ताल पर
